पटना: बिहार कांग्रेस ने मतदाताओं के अधिकारों और मतदाता सूची से नाम कटने की शिकायतों को लेकर नवंबर तक चरणबद्ध आंदोलन चलाने की रणनीति तैयार की है। पार्टी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को भी अपने अभियान का प्रमुख मुद्दा बनाया है। इसके तहत अक्टूबर से नवंबर तक प्रखंड मुख्यालयों पर मार्च, गांव-गांव चौपाल और दिल्ली कूच जैसे कार्यक्रम आयोजित करने की योजना है।

शुक्रवार को पटना स्थित सदाकत आश्रम में प्रदेश प्रभारी कृष्णा अल्लावरू और प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम की मौजूदगी में समीक्षा बैठक हुई। इसमें आंदोलन की रूपरेखा, संगठन की तैयारियों और कार्यकर्ताओं की भागीदारी बढ़ाने पर चर्चा की गई।

10 से 20 अक्टूबर तक प्रखंड मुख्यालयों पर निकलेगा मार्च

बिहार कांग्रेस के आंदोलन का पहला चरण 10 से 20 अक्टूबर तक चलेगा। इस दौरान प्रदेश के विभिन्न प्रखंड मुख्यालयों पर मार्च निकालकर मतदाताओं के अधिकारों से जुड़े मुद्दे उठाए जाएंगे।

प्रदेश अध्यक्ष राजेश राम के अनुसार, अभियान के जरिए मतदाता सूची से नाम हटने की शिकायतों को सामने लाया जाएगा। पार्टी प्रभावित मतदाताओं की समस्याओं को उठाने और लोगों को उनके मताधिकार के प्रति जागरूक करने की तैयारी कर रही है।

कांग्रेस का कहना है कि इस अभियान को प्रखंड स्तर तक पहुंचाकर अधिक से अधिक लोगों को जोड़ा जाएगा।

25 अक्टूबर से गांव-गांव लगेगी ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ चौपाल

आंदोलन के दूसरे चरण में 25 अक्टूबर से 25 नवंबर तक गांव-गांव ‘वोट बचाओ, देश बचाओ’ चौपाल आयोजित की जाएगी। इन कार्यक्रमों में मतदाता सूची से नाम हटने की शिकायत करने वाले लोगों की समस्याएं सुनी जाएंगी।

पार्टी कार्यकर्ता गांवों में लोगों से संवाद करेंगे और उन्हें अभियान से जोड़ेंगे। कांग्रेस की योजना इस मुद्दे को ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंचाने और मतदाताओं के अधिकारों पर जनजागरूकता बढ़ाने की है।

संविधान दिवस पर हजारों कार्यकर्ताओं के साथ दिल्ली कूच की तैयारी

बिहार कांग्रेस आंदोलन के अंतिम चरण में संविधान दिवस के अवसर पर ‘दिल्ली चलो’ कार्यक्रम आयोजित करने की तैयारी कर रही है। इसके तहत हजारों कार्यकर्ताओं के साथ दिल्ली कूच करने की योजना है।

पार्टी इस कार्यक्रम के जरिए मतदाताओं के अधिकारों और लोकतांत्रिक मूल्यों से जुड़े मुद्दों को राष्ट्रीय स्तर पर उठाना चाहती है। हालांकि, कार्यक्रम में भाग लेने वाले कार्यकर्ताओं की संख्या और आयोजन की विस्तृत रूपरेखा की आधिकारिक पुष्टि महत्वपूर्ण होगी।

बूथ से प्रखंड स्तर तक संगठन मजबूत करने पर जोर

सदाकत आश्रम में हुई समीक्षा बैठक में प्रदेश प्रभारी कृष्णा अल्लावरू ने बूथ, पंचायत और प्रखंड स्तर पर संगठन को सक्रिय बनाने की जरूरत बताई। उन्होंने पदाधिकारियों और जिला अध्यक्षों से पार्टी के कार्यक्रमों को जमीनी स्तर पर प्रभावी तरीके से लागू करने का आह्वान किया।

बैठक में जनसंपर्क अभियान को मजबूत करने, कार्यकर्ताओं की भागीदारी बढ़ाने और संगठन के विभिन्न स्तरों के बीच बेहतर तालमेल बनाने पर भी चर्चा हुई।

बैठक में प्रदेश पदाधिकारी और जिला अध्यक्ष रहे मौजूद

समीक्षा बैठक में कोषाध्यक्ष जितेंद्र गुप्ता, कपिलदेव प्रसाद यादव, विधायक मनोज विश्वास, सुरेंद्र कुशवाहा समेत प्रदेश पदाधिकारी और विभिन्न जिलों के कांग्रेस अध्यक्ष मौजूद रहे।

बैठक में आगामी आंदोलन की तैयारियों की समीक्षा की गई। पार्टी ने प्रखंड से लेकर गांव तक मतदाता अधिकारों के मुद्दे को पहुंचाने और संगठन को सक्रिय करने पर जोर दिया।

बिहार कांग्रेस का यह अभियान अक्टूबर और नवंबर में कई चरणों में चलाया जाएगा। अब देखना होगा कि पार्टी की यह रणनीति जमीनी स्तर पर कितनी प्रभावी रहती है और अभियान के तहत कितने लोग जुड़ते हैं।